केंद्रीय विज्ञान और प्रौद्योगिकी तथा पृथ्वी विज्ञान राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) और पीएमओ, कार्मिक, लोक शिकायत, पेंशन, परमाणु ऊर्जा और अंतरिक्ष राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने आज नई दिल्ली स्थित अपने आवास पर जम्मू के दिल्ली-स्थित पूर्व मेडिकल छात्रों के एक समूह के लिए भोज और संवाद का आयोजन किया। इनमें से ज़्यादातर छात्र गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज, जम्मू से थे और कई तब उनके छात्र रहे थे जब वे चिकित्सा और मधुमेह के प्रोफेसर थे।
इस कार्यक्रम में वे पूर्व छात्र एक साथ आए, जिन्होंने सफल मेडिकल करियर बनाया है और अब दिल्ली-एनसीआर और क्षेत्र के अन्य हिस्सों में अस्पतालों और स्वास्थ्य देखभाल में वरिष्ठ पदों पर सेवाएं दे रहे हैं।
सार्वजनिक जीवन में पूरी तरह आने से पहले गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज, जम्मू के साथ अपने जुड़ाव को याद करते हुए, डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि अपने पूर्व छात्रों से मिलना और यह देखना बहुत खुशी की बात है कि उन्होंने अपने पेशेवर जीवन में कितनी अच्छी प्रगति की है। डॉक्टरों ने अपने अनुभव साझा किए और छात्र के तौर पर बिताए दिनों को याद किया, जिससे यह भोज उनके पूर्व शिक्षक के साथ एक सुखद पुनर्मिलन बन गया।
इस कार्यक्रम में चिकित्सा, तंत्रिका विज्ञान, श्वसन चिकित्सा, कैंसर विज्ञान, मनोचिकित्सा, औषध विज्ञान, बालरोग पाचन तंत्र विज्ञान, यकृत विज्ञान, रेडियोलॉजी, नेत्र विज्ञान, प्लास्टिक सर्जरी और अस्पताल प्रशासन जैसी विभिन्न विशेषज्ञता के मेडिकल पेशेवर शामिल हुए। कई पूर्व छात्र आज प्रमुख अस्पतालों और मेडिकल संस्थानों में वरिष्ठ क्लिनिक, अकादमिक और प्रशासनिक पदों पर सेवाएं दे रहे हैं।
उपस्थित लोगों में लेडी हार्डिंग मेडिकल कॉलेज के चिकित्सा विभाग के प्रोफेसर डॉ. शेख यासिर इस्लाम, नोएडा में निजी तौर पर चिकित्सा सेवाएँ देने वाली डॉ. सुम्बुल एरम, आरएमएल अस्पताल में चिकित्सा विभाग की प्रोफेसर डॉ. सुजाता थापा, आरएमएल अस्पताल में चिकित्सा विभाग की सहायक प्रोफेसर डॉ. पद्मा लाहडोल, लेडी हार्डिंग मेडिकल कॉलेज में तंत्रिका विज्ञान विभाग के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. अखिल, मैक्स अस्पताल, नोएडा के कैंसर विशेषज्ञ डॉ. अतुल, जीआईएमएस की एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. एकता अरोड़ा, रोहतक में श्वसन चिकित्सा के प्रोफेसर डॉ. संजय फोतेदार, मेवात में एसएचकेएम सरकारी मेडिकल कॉलेज की प्रोफेसर डॉ. शिखा महाजन, वसंत कुंज में इंडियन स्पाइनल इंजरीज़ सेंटर की प्लास्टिक सर्जन डॉ. हीना कुडयार और गुरुग्राम में कई डायग्नोस्टिक सेंटरों से जुड़ी पैथोलॉजिस्ट डॉ. हिमानी कुडयार भी मौजूद थी।
