प्रल्हाद जोशी और शिवराज सिंह चौहान का लिखित लेख प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने साझा किया है। इसमें खेती के साथ सौर ऊर्जा उत्पादन की संभावनाओं पर चर्चा है।
केंद्रीय मंत्रियों के अनुसार, कृषि-वोल्टेइक तकनीक किसानों की आय में नया स्रोत जोड़ सकती है। यह ऊर्जा खर्च घटाने और फसल उत्पादकता को सहारा देने की संभावना भी रखती है। लेख इन संभावनाओं को ग्रामीण समृद्धि से जोड़ता है।
प्रधानमंत्री ने एक्स पर लेख की ओर ध्यान दिलाया।
उन्होंने खेती और सौर ऊर्जा को साथ लाने पर मंत्रियों के विचारों का उल्लेख किया। चर्चा में अतिरिक्त आमदनी, कम ऊर्जा लागत और उत्पादन से जुड़ी संभावनाएं शामिल हैं।
लेख खेतों की ऊर्जा जरूरतों और ग्रामीण विकास को एक साथ देखने का दृष्टिकोण प्रस्तुत करता है।
https://indianexpress.com/article/opinion/columns/india-solar-farming-viksit-bharat-agrivoltaics-10929961/lite/
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