Saturday, 24 October 2026 23 new updates today
Latest Updates

पर्यावरण Read in English

दिल्ली-एनसीआर में ग्रैप का पहला चरण तत्काल लागू: बढ़ते एक्यूआई पर सीएक्यूएम ने धूल, यातायात और उत्सर्जन नियंत्रण के उपाय तेज करने को कहा

Key details of this update
DetailInformation
Date21 October 2026 (Wednesday)
Time7:23 PM
Topic / Ministryपर्यावरण
Languageहिन्दी · Read in English
Reading time7 min (1,338 words)

दिल्ली का औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक सीपीसीबी के बुलेटिन में दोपहर 2 बजे 244 और शाम 4 बजे 245 रहा। दोनों रीडिंग खराब श्रेणी में थीं। बढ़ते प्रदूषण को देखते हुए सीएक्यूएम ने दिल्ली और पूरे राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में ग्रैप का पहला चरण तत्काल लागू करने का निर्णय लिया।

खराब श्रेणी में आने वाले 201-300 एक्यूआई के मद्देनजर ग्रैप उपसमिति ने क्षेत्रीय परिस्थितियों की समीक्षा की। बैठक में दिल्ली की वायु गुणवत्ता के साथ मौसम विभाग और आईआईटीएम के पूर्वानुमान भी देखे गए। इसके बाद पूरे एनसीआर में पहले चरण के 25 आवश्यक उपाय तत्काल लागू करने पर सहमति बनी।

संबंधित एजेंसियां अपने अधिकार क्षेत्र में इन उपायों को लागू करेंगी तथा परिणामों की निगरानी और समीक्षा करेंगी। उद्देश्य वायु गुणवत्ता को और बिगड़ने से रोकना है। एजेंसियों को सतर्कता बढ़ाने और ग्रैप में तय कामों को अधिक सक्रियता से करने को कहा गया है।

पहले चरण में शामिल 25 कार्य बिंदुओं का विवरण:

खराब वायु गुणवत्ता के लिए ग्रैप का पहला चरण

यह चरण दिल्ली के 201-300 वायु गुणवत्ता सूचकांक से संबंधित है।

निर्माण और विध्वंस स्थलों पर धूल नियंत्रण के नियम लागू किए जाएं। सामग्री और मलबा ढककर रखा जाए तथा उनका परिवहन भी ढके वाहनों में हो। एंटी-स्मॉग गन और पानी के छिड़काव के निर्धारित मानकों का पालन करते हुए मलबे का पर्यावरण अनुकूल प्रबंधन किया जाए।

दिनांक 11.06.2021 के निर्देश संख्या 11-18 का पालन अनिवार्य है। 500 वर्ग मीटर या उससे बड़े भूखंडों की निर्माण परियोजनाओं को संबंधित राज्य या दिल्ली सरकार के पोर्टल पर पंजीकरण और धूल की दूरस्थ निगरानी की अन्य शर्तें पूरी किए बिना काम करने की अनुमति नहीं दी जाए।

निर्धारित डंप स्थलों और औद्योगिक क्षेत्रों से नगर निकाय, निर्माण, औद्योगिक तथा खतरनाक कचरा नियमित उठाया जाए। खुली जमीन पर अवैध रूप से कचरा डालने पर रोक लगाई जाए।

सड़कों की मशीनों से नियमित सफाई और पानी का छिड़काव किया जाए। एकत्र धूल को निर्धारित स्थल या लैंडफिल में वैज्ञानिक तरीके से निस्तारित किया जाए।

सड़क निर्माण, चौड़ीकरण, मरम्मत और रखरखाव के दौरान एंटी-स्मॉग गन तथा पानी के छिड़काव सहित धूल रोकने के उपाय बढ़ाए जाएं।

खुले में जैव पदार्थ और नगरीय ठोस कचरा जलाने का प्रतिबंध लागू रहे। एनजीटी के OA 21/2014 में 04.12.2014 और 28.04.2015 के आदेशों के अनुसार उल्लंघन पर अधिकतम पर्यावरण क्षतिपूर्ति लगाई जाए।

डंप स्थलों और लैंडफिल पर आग की घटनाएं रोकने के लिए निगरानी कड़ी की जाए।

भीड़ वाले मार्गों और चौराहों पर पर्याप्त यातायात कर्मी तैनात हों। संकेतकों और वाहनों की आवाजाही में समन्वय कर जाम कम किया जाए।

वाहनों के पीयूसी नियम सख्ती से लागू किए जाएं। स्पष्ट रूप से प्रदूषण फैलाने वाले वाहनों को जब्त करने, अधिकतम जुर्माना लगाने या दोनों तरह की कार्रवाई की जाए।

जिन ट्रकों का गंतव्य दिल्ली नहीं है, उन्हें सुप्रीम कोर्ट के आदेश के अनुसार ईस्टर्न और वेस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे की ओर भेजा जाए।

अधिक आयु वाले पेट्रोल और डीजल वाहनों पर प्रतिबंध तथा अन्य वैधानिक पाबंदियों के संबंध में न्यायालय और एनजीटी के आदेश लागू किए जाएं।

गैर-अनुरूप क्षेत्रों सहित औद्योगिक इकाइयों के निरीक्षण बढ़ाए जाएं। अवैध या नियम तोड़ने वाली इकाइयों के खिलाफ निर्धारित दंडात्मक और कानूनी कार्रवाई की जाए।

एनसीआर के उद्योगों, ईंट भट्टों और हॉट-मिक्स संयंत्रों में उत्सर्जन मानक लागू किए जाएं। ईंधन केवल स्वीकृत सूची के अनुसार इस्तेमाल हो।

ताप विद्युत संयंत्र उत्सर्जन मानकों का पालन करें। उल्लंघन पर संबंधित दंडात्मक या कानूनी कार्रवाई की जाए।

पटाखों के उपयोग से संबंधित अदालतों और प्राधिकरणों के आदेशों का अनुपालन कराया जाए।

एनसीआर में वितरण कंपनियां बिजली की आपूर्ति में व्यवधान कम से कम करने के उपाय करें।

डीजल जनरेटरों को नियमित बिजली आपूर्ति के विकल्प के रूप में इस्तेमाल नहीं किया जाए।

औद्योगिक, व्यावसायिक, आवासीय और अन्य क्षेत्रों में जनरेटरों का संचालन 29.09.2023 के निर्देश संख्या 76 तथा उसके संशोधनों के अनुरूप नियंत्रित किया जाए।

जनरेटर की क्षमता के अनुसार श्रेणी

उत्सर्जन घटाने की निर्धारित व्यवस्था

संचालन के लागू प्रावधान

एलपीजी, प्राकृतिक गैस, बायोगैस, प्रोपेन या ब्यूटेन से संचालित सभी क्षमता वाले जनरेटर

इस श्रेणी के संचालन पर पाबंदी नहीं।

पर्यावरण मंत्रालय की जीएसआर 804 (ई), दिनांक 03.11.2022 के मानक पूरे करने वाले 800 किलोवाट (1000 केवीए) तक के जनरेटर

इस श्रेणी में उपयोग प्रतिबंधित नहीं है।

पुराने मानकों और विनिर्देशों पर बने डीजल जनरेटर

क्षमता: 800 किलोवाट (1000 केवीए)

निर्देश संख्या 76 के उत्सर्जन मानक पूरे करने वाला नियंत्रण तंत्र इस्तेमाल किया जा सकता है।

क्षमता: 41 किलोवाट (51 केवीए)

प्रमाणित एजेंसी से लगवाया गया उत्सर्जन नियंत्रण उपकरण

क्षमता: 19 किलोवाट (23 केवीए)

जहां गैस की आपूर्ति या बुनियादी ढांचा उपलब्ध नहीं होने से जनरेटर दोहरे ईंधन पर नहीं चल रहा हो, वहां उसका उपयोग केवल निर्धारित आपातकालीन सेवाओं तक सीमित रहेगा। *

19 किलोवाट (23 केवीए) से नीचे के पोर्टेबल डीजल जनरेटर

इस क्षमता की श्रेणी में फिलहाल उत्सर्जन नियंत्रण का कोई निर्दिष्ट उपाय उपलब्ध नहीं है।

सामान्य परिस्थितियों में उपयोग की अनुमति नहीं है।

सिर्फ सूचीबद्ध आपातकालीन सेवाओं के लिए संचालन अनुमत है। *

आपातकालीन सेवाओं की श्रेणियां

लिफ्ट, एस्केलेटर और ट्रैवेलेटर का संचालन

अस्पताल, नर्सिंग होम और स्वास्थ्य देखभाल सुविधाएं

रेलवे सेवाओं और स्टेशनों का संचालन

मेट्रो तथा एमआरटीएस सेवाएं

हवाई अड्डे और अंतरराज्यीय बस टर्मिनल

सीवेज के शोधन संयंत्र

जल आपूर्ति के पंपिंग स्टेशन

रक्षा, राष्ट्रीय सुरक्षा और राष्ट्रीय महत्व की परियोजनाएं

दूरसंचार तथा सूचना प्रौद्योगिकी और डेटा सेवाएं

19. हरियाणा, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, पंजाब, हिमाचल प्रदेश, मध्य प्रदेश, उत्तराखंड तथा जम्मू-कश्मीर से आने वाली अंतरशहरी या अंतरराज्यीय बसों में केवल इलेक्ट्रिक, सीएनजी अथवा बीएस-VI डीजल बसों को दिल्ली-एनसीआर में चलने दिया जाए।

20. होटल, रेस्तरां और खुले भोजनालयों के तंदूरों में कोयला या लकड़ी जलाने का प्रतिबंध लागू किया जाए। उपकरण बिजली, गैस या स्वच्छ ईंधन आधारित हों।

21. प्रिंट, प्रसारण, सोशल मीडिया और सामूहिक संदेशों से लोगों को प्रदूषण घटाने के उपाय समझाए जाएं। क्या करें और किन गतिविधियों से बचें, इसकी सूचनाएं जारी की जाएं।

22. मोबाइल ऐप पर प्रदूषण की स्थिति और नियंत्रण कक्ष के संपर्क उपलब्ध हों। नागरिक इन माध्यमों से शिकायत भेज सकें और सरकारी कार्रवाई की जानकारी ले सकें।

23. 311, ग्रीन दिल्ली, समीर तथा अन्य ऐप और सोशल मीडिया पर मिली प्रदूषण शिकायतों पर तुरंत कार्रवाई हो।

24. कार्यालय अपने कर्मचारियों के लिए साझा आवागमन की व्यवस्था प्रोत्साहित करें, जिससे सड़क पर वाहनों का दबाव घटे।

25. सीएनजी और इलेक्ट्रिक बसों, मेट्रो तथा आरआरटीएस की क्षमता और आवृत्ति बढ़ाई जाए। व्यस्त समय के बाहर यात्रा प्रोत्साहित करने के लिए अलग किराया दरों का उपयोग किया जाए।

उपसमिति ने नागरिकों से भी सहयोग मांगा है। पहले चरण के नागरिक चार्टर में रोजमर्रा के व्यवहार से प्रदूषण कम करने के निम्न उपाय दिए गए हैं:

समीर ऐप पर एक्यूआई देखें और सीएक्यूएम वेबसाइट से लागू ग्रैप चरण की जानकारी लें।

वाहन के इंजन की नियमित सर्विस और ट्यूनिंग कराएं।

वाहन का प्रदूषण परीक्षण समय पर कराकर वैध प्रमाणपत्र रखें।

टायरों में निर्धारित हवा का दबाव बनाए रखें।

पीयूसी प्रमाणपत्र का नवीनीकरण उसकी वैधता समाप्त होने से पहले कराएं।

लाल बत्ती पर इंजन बंद करें और वाहन को अनावश्यक रूप से चालू खड़ा न रखें।

आयु सीमा पूरी कर चुके या स्पष्ट रूप से प्रदूषण फैलाने वाले पेट्रोल और डीजल वाहन न चलाएं।

यात्रा में सार्वजनिक परिवहन या साझा वाहन का विकल्प चुनें।

संभव हो तो इलेक्ट्रिक वाहन अपनाएं। घरेलू कचरे को अलग-अलग करके उचित निस्तारण सुनिश्चित करें।

खुली जमीन या सार्वजनिक स्थान पर कूड़ा न फेंकें।

खासकर बाजार और सार्वजनिक क्षेत्रों में नगर निकाय के निर्धारित संग्रह बिंदु पर ही कचरा दें।

निर्माण मलबे को शीघ्र हटाएं और धूल नियंत्रण की शर्तें पूरी करें।

खुले भूभाग पर घास, झाड़ियां और अधिक पेड़ लगाएं।

आवश्यक कार्यों के अलावा डीजल जनरेटर चलाने से बचें।

त्योहार पर्यावरण के अनुकूल तरीके से मनाएं और पटाखों से दूरी रखें।

प्रदूषण फैलाने वाली गतिविधि की सूचना 311, ग्रीन दिल्ली, समीर या अन्य निर्धारित ऐप पर दें।

जागरूकता कार्यक्रमों में भाग लें। सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों से परिचितों तथा पड़ोसियों को प्रदूषण घटाने के उपाय बताएं।

उपसमिति दिल्ली की वायु गुणवत्ता की निगरानी जारी रखेगी। मौसम विभाग और आईआईटीएम के पूर्वानुमानों तथा वास्तविक स्थिति की समय-समय पर समीक्षा कर आगे के फैसले लिए जाएंगे।

सितंबर 2026 का विस्तृत ग्रैप कार्यक्रम आयोग की आधिकारिक वेबसाइट caqm.nic.in पर उपलब्ध है।

आधिकारिक सूचना: पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय।

Source: Press Information Bureau, Government of India · Read the official release

इसी विषय से और: पर्यावरण

View all इसी विषय से और: पर्यावरण
  1. पर्यावरण

    सीएक्यूएम ने अमृतसर और तरनतारन में धान के पराली प्रबंधन उपायों की समीक्षा की

    एनसीआर और आसपास के क्षेत्रों के लिए वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम) के अध्यक्ष श्री राजेश वर्मा के नेतृत्व में एक उच्च-स्तरीय टीम ने एनसीआर और आसपास के क्षेत्रों के लिए आज…

    पूरा पढ़ें →
  2. पर्यावरण

    सीएक्यूएम के अध्यक्ष के नेतृत्व में उच्चस्तरीय दल ने रोपड़, होशियारपुर और अमृतसर में धान की पराली के प्रबंधन संबंधी उपायों की समीक्षा की

    राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र और आसपास के क्षेत्रों में वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम) के अध्यक्ष के नेतृत्व में एक उच्चस्तरीय दल ने पंजाब के रोपड़, होशियारपुर और अमृतसर में ताप विद्युत संयंत्रों,…

    पूरा पढ़ें →
  3. पर्यावरण

    सचिव (एमओईएफसीसी) ने दिल्ली-एनसीआर में वायु प्रदूषण से निपटने हेतु उत्तर प्रदेश सरकार के कार्य योजना की समीक्षा की

    भारत सरकार के पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय के सचिव श्री नरेंद्र भूषण ने आज दिल्ली-एनसीआर में वायु प्रदूषण से निपटने और शीतकालीन तैयारियों के लिए उत्तर प्रदेश राज्य सरकार तथा…

    पूरा पढ़ें →
  4. पर्यावरण

    सीएक्यूएम ने पंजाब और हरियाणा में वायु प्रदूषण नियंत्रण उपायों की समीक्षा की, जमीनी स्तर पर तुरंत कार्रवाई करने का आह्वान किया

    एनसीआर और आस-पास के क्षेत्रों में वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम) ने धान की पराली जलाने की घटनाओं को रोकने और नियंत्रित करने तथा वायु प्रदूषण के अन्य प्रमुख स्रोतों को कम…

    पूरा पढ़ें →
  5. पर्यावरण

    दिल्ली में धूल नियंत्रण पर सीएक्यूएम की समीक्षा, सड़क और निर्माण स्थलों पर सख्त अमल के निर्देश

    सीएक्यूएम और दिल्ली के मुख्य सचिव ने सरकारी एजेंसियों के साथ धूल प्रदूषण के उपायों की समीक्षा की। एमसीडी को सड़क तथा खुले क्षेत्रों में नियंत्रण बढ़ाने और डीपीसीसी को विभागीय तालमेल…

    पूरा पढ़ें →
  6. पर्यावरण

    डब्ल्यूडब्ल्यूएफ-इंडिया ईआईएसीपी ने 20 अक्टूबर से 8 नवंबर 2026 तक राष्ट्रव्यापी ग्रीन दिवाली अभियान शुरू किया, नागरिकों से पटाखे-मुक्त दिवाली मनाने की अपील की

    डब्ल्यूडब्ल्यूएफ-इंडिया ने 20.10.2026 से 08.11.2026 तक ग्रीन दिवाली अभियान शुरू किया है। अभियान में स्कूल, समुदाय और नागरिकों से पटाखे रहित तथा पर्यावरण-अनुकूल उत्सव का संकल्प लेने की अपील की गई है…

    पूरा पढ़ें →

और करेंट अफेयर्स

View all और करेंट अफेयर्स
  1. रेल मंत्रालय

    सतना–देवेंद्रनगर (53 किमी) एवं रीवा–चुरहट (65 किमी) रेलखंड देश को समर्पित; विंध्य एवं बुंदेलखंड आए करीब, सीधी जिले को बड़ा लाभ

    मध्य प्रदेश के विंध्य क्षेत्र में रेल कनेक्टिविटी के विस्तार की दिशा में आज एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल हुई। माननीय केंद्रीय रेल मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव एवं मध्य प्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री…

    पूरा पढ़ें →
  2. युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय

    केंद्रीय राज्य मंत्री रक्षा खडसे ने ऑल-वुमन कोचेस कोर्स में भारतीय खेलों में महिलाओं के लिए और बेहतर रास्ते बनाने का आह्वान किया

    युवा कार्यक्रम और खेल राज्य मंत्री रक्षा खडसे ने शनिवार को नई दिल्ली के दिल्ली लॉन टेनिस एसोसिएशन (डीएलटीए) टेनिस स्टेडियम में, ऑल इंडिया टेनिस एसोसिएशन (एआईटीए) की एसीई 2032 पहल के…

    पूरा पढ़ें →
  3. युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय

    मेरा भारत-एनएसएस नशा मुक्त युवा अभियान के छठे सप्ताह में देशभर के गांवों में ‘ग्राम सेवा एवं परंपरागत खेल दिवस’ मना रहा है

    युवा कार्यक्रम और खेल मंत्रालय के अंतर्गत 'एमवाई भारत' राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) ने 'नशा मुक्त युवा फॉर विकसित भारत 100 सप्ताह संकल्प अभियान' के छठे सप्ताह के हिस्से के रूप में…

    पूरा पढ़ें →
  4. पृथ्‍वी विज्ञान मंत्रालय

    केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने दिल्ली एनसीआर के लिए दुनिया की अपनी तरह की पहली ‘एयर पॉल्यूशन एनालिसिस’ सुविधा का उद्घाटन किया

    केंद्रीय विज्ञान और प्रौद्योगिकी और पृथ्वी विज्ञान राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) और प्रधानमंत्री कार्यालय, कार्मिक, लोक शिकायत और पेंशन, परमाणु ऊर्जा विभाग और अंतरिक्ष विभाग में राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने…

    पूरा पढ़ें →
  5. श्रम और रोजगार मंत्रालय

    लखनऊ में 26 अक्टूबर को श्रम संहिता, श्रम कल्याण और सामाजिक सुरक्षा पर दो दिवसीय राज्य स्तरीय ‘श्रम संवाद’ कार्यक्रम

    श्रम और रोजगार मंत्रालय, भारत सरकार, उत्तर प्रदेश सरकार के सहयोग से 26 और 27 अक्टूबर 2026 को लखनऊ, उत्तर प्रदेश में श्रम संहिता, श्रम कल्याण और सामाजिक सुरक्षा पर दो दिवसीय…

    पूरा पढ़ें →
  6. कृषि एवं किसान कल्‍याण मंत्रालय

    ​ऐतिहासिक उपलब्धि: पीएम मोदी का संकल्प हुआ साकार, 11 करोड़ किसानों को मिला फार्मर आईडी का सुरक्षा कवच

    देश के कृषि क्षेत्र में एक नए डिजिटल युग का सूत्रपात करते हुए केंद्र सरकार ने निर्धारित समय से पांच महीने पहले ही 11 करोड़ 'फार्मर आईडी' (किसान विशिष्ट डिजिटल पहचान) तैयार…

    पूरा पढ़ें →
  7. प्रधानमंत्री कार्यालय

    प्रधानमंत्री 25 अक्टूबर को उत्तर प्रदेश और ओडिशा का दौरा करेंगे

    प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी 25 अक्टूबर 2026 को उत्तर प्रदेश और ओडिशा की यात्रा करेंगे। सुबह करीब 11 बजे प्रधानमंत्री वाराणसी में एक नई परिधान निर्माण सुविधा का उद्घाटन करेंगे। दोपहर करीब…

    पूरा पढ़ें →
  8. PIB Backgrounder

    विकसित भारत- जी राम जी

    ग्रामीण रोज़गार और विकास के लिए नई रूपरेखा 'विकसित भारत @2047' के विज़न के अनुरूप, 'विकसित भारत - रोज़गार और आजीविका गारंटी मिशन (ग्रामीण)' (VB-G RAM G) ग्रामीण विकास के क्षेत्र में…

    पूरा पढ़ें →
  9. वाणिज्‍य एवं उद्योग मंत्रालय

    वाणिज्य और उद्योग मंत्री श्री पीयूष गोयल ने बर्लिन में जर्मन उद्योग जगत के प्रमुखों और शोध संस्थानों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक की

    केंद्रीय वाणिज्य और उद्योग मंत्री श्री पीयूष गोयल ने 23 अक्टूबर 2026 को बर्लिन में कई तरह की कार्यक्रमों के साथ जर्मनी की अपनी दो दिवसीय आधिकारिक यात्रा का समापन किया, जिसमें…

    पूरा पढ़ें →
  10. रेल मंत्रालय

    जीआरपी प्रमुखों का 8वां अखिल भारतीय सम्मेलन नई दिल्ली में समाप्त हुआ, सम्मेलन में आसूचना आधारित पुलिस व्यवस्था और आरपीएफ, जीआरपी और राज्य पुलिस के मध्य मजबूत समन्वय पर जोर दिया गया

    रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) द्वारा आयोजित सरकारी रेलवे पुलिस (जीआरपी) प्रमुखों का 8वां अखिल भारतीय सम्मेलन 23 अक्टूबर 2026 को नई दिल्ली में सफलतापूर्वक समाप्त हुआ। इसने नई सुरक्षा चुनौतियों पर चर्चा…

    पूरा पढ़ें →
↑