भारत सरकार का सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय, नशा मुक्त भारत अभियान (एनएमबीए) के अंतर्गत 'नशा मुक्त युवा, विकसित भारत क्विज़' का आयोजन कर रहा है। इसका उद्देश्य मादक पदार्थों के सेवन के हानिकारक प्रभावों के बारे में जागरूकता बढ़ाना और नागरिकों, विशेषकर युवाओं को, नशा मुक्त भारत बनाने के सामूहिक प्रयास में शामिल होने के लिए प्रोत्साहित करना है।
माई भारत क्विज़ क्यूआर (QR)
मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि यह ऑनलाइन क्विज़ 26 अक्टूबर से 25 नवंबर, 2026 तक आयोजित की जाएगी और इसमें देश का कोई भी नागरिक भाग ले सकता है। उन्होंने बताया कि प्रतिभागी 'माई भारत' पोर्टल: https://mybharat.gov.in/quizzes/yuva/detail/Url9dlIwCinQVSf8lwPB9w/ के ज़रिए इस क्विज़ में शामिल हो सकते हैं।
15 अगस्त, 2020 को शुरू किए गए 'नशा मुक्त भारत अभियान' का उद्देश्य मादक पदार्थों की मांग को कम करने के प्रयासों को मज़बूत करना है। इसके लिए निवारक शिक्षा, जागरूकता बढ़ाना, इलाज, पुनर्वास और सामुदायिक भागीदारी जैसे तरीकों को अपनाया जाता है। शुरुआत में इसे 272 संवेदनशील ज़िलों में लागू किया गया था, लेकिन अब पूरे देश के सभी ज़िलों तक इसका विस्तार हो चुका है।
अधिकारी ने बताया कि यह अभियान 35 करोड़ से ज़्यादा लोगों तक पहुंच चुका है, जिनमें 13 करोड़ युवा और 10 करोड़ महिलाएं शामिल हैं। यह आंकड़ा देश भर में चलाए गए जागरूकता और पहुंच बढ़ाने के प्रयासों के व्यापक स्तर को दर्शाता है।
नशा मुक्ति मित्र पंजीकरण QR कोड
उन्होंने कहा कि जैसा कि इस अभियान का यह सातवां वर्ष है और इस क्विज़ का उद्देश्य मादक पदार्थों के सेवन के हानिकारक प्रभावों के बारे में लोगों की समझ बढ़ाना, सही जानकारी के आधार पर निर्णय लेने को बढ़ावा देना और मादक पदार्थों के सेवन से बचने के बारे में जागरूकता फैलाने में युवाओं को सक्रिय भागीदार बनने के लिए प्रोत्साहित करना है।
अधिकारी ने कहा कि यह पहल देश के विकास में स्वस्थ व्यक्तियों, परिवारों और समुदायों के महत्व को पहचानते हुए नशा मुक्त भारत और विकसित भारत के दृष्टिकोण को सुदृढ़ करती है।
