कॉरपोरेट कार्य मंत्रालय Read in English

आईआईसीए ने अपने प्रमुख कार्यक्रम के साथ उद्योग संबंधों को मजबूत करने के लिए भारत में एआरसी संघ के साथ समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए

Key details of this update
DetailInformation
Date22 October 2026 (Thursday)
Time8:27 PM
Topic / Ministryकॉरपोरेट कार्य मंत्रालय
Languageहिन्दी · Read in English
Reading time4 min (742 words)

कॉर्पोरेट कार्य मंत्रालय के अंतर्गत एक स्वायत्त संस्था, इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ कॉरपोरेट अफेयर्स (आईआईसीए) ने हाल ही में भारत में एसेट रिकंस्ट्रक्शन कंपनियों (एआरसी) के संघ के साथ एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए। यह संघ भारतीय रिजर्व बैंक में पंजीकृत एसेट रिकंस्ट्रक्शन कंपनियों का प्रतिनिधि निकाय है। इस एमओयू पर आईआईसीए महानिदेशक एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री ज्ञानेश्वर कुमार सिंह, आईआईसीए के मुख्य प्रशासनिक अधिकारी श्री अमरिंदर पुरी और भारत में एसेट रिकंस्ट्रक्शन कंपनियों के संघ के मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री हरि हारा मिश्रा की गरिमामयी उपस्थिति में हस्ताक्षर किए गए।

इस समझौता ज्ञापन का उद्देश्य आईआईसीए के दिवाला एवं शोधन अक्षमता केंद्र की ओर से संचालित स्नातकोत्तर दिवाला कार्यक्रम (पीजीआईपी) के उद्योग जगत के साथ संबंधों को और मजबूत करना है। पीजीआईपी दिवालियापन पेशेवरों और संकट से उबरने में सक्षम विशेषज्ञों का एक कुशल समूह तैयार करता है। यह समझौता ज्ञापन 2 सितंबर, 2026 को कॉरपोरेट कार्य मंत्रालय की ओर से आयोजित बैठक में लिए गए रणनीतिक योजना को दर्शाता है।

इस अवसर पर मुख्य भाषण देते हुए, आईआईसीए डीजी एवं सीईओ श्री ज्ञानेश्वर कुमार सिंह ने दिवालियापन समाधान तंत्र में परिसंपत्ति पुनर्निर्माण कंपनियों (एआरसी) की भूमिका के बारे में जानकारी दी, जिसमें दिवाला एवं शोधन अक्षमता संहिता (आईबीसी) के तहत समाधान आवेदक के रूप में उनकी पात्रता और भागीदारी शामिल है। उन्होंने इस बात पर प्रकाश डाला कि एआरसी के विकास में महत्वपूर्ण प्रगति 11 अक्टूबर 2022 को हुई, जब भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने सुदर्शन सेन समिति की सिफारिशों के बाद परिसंपत्ति पुनर्निर्माण कंपनियों (एआरसी) के लिए नियामक ढांचे की समीक्षा (आरबीआई/2022-23/128) शीर्षक से अपना नियामक फ्रेमवर्क जारी किया। इस फ्रेमवर्क ने पात्र एआरसी को निर्धारित नियामक शर्तों के अधीन दिवाला एवं शोधन अक्षमता संहिता, 2016 (आईबीसी) के तहत समाधान आवेदक के रूप में कार्य करने की अनुमति दी।

इस विकास ने कॉर्पोरेट दिवालियापन समाधान में एआरसी की संभावित भूमिका का विस्तार किया, जिससे वे समाधान प्रक्रियाओं में भाग लेने और परिसंपत्ति मूल्यांकन, कर्ज के पुनर्गठन और संकटग्रस्त परिसंपत्तियों के प्रबंधन में अपनी विशेषज्ञता का योगदान करने में सक्षम हुए। इसने संकटग्रस्त व्यवसायों के समाधान में पारदर्शिता, परिचालन दक्षता और प्रभावी मूल्य प्राप्ति के महत्व को भी रेखांकित किया।

एआरसी की ओर से बोलते हुए, एआरसी इंडिया सीईओ श्री हरि हर मिश्रा ने कहा कि यह एक उभरती हुई साझेदारी है जिसमें असाधारण संभावनाएं हैं। संकटग्रस्त बाजार के विकास के साथ, सभी हितधारकों के लिए मूल्य को अधिकतम करने हेतु प्रतिभाओं का भंडार और शोध संबंधी जानकारियां महत्वपूर्ण हैं। उन्होंने इच्छा व्यक्त की कि समग्र उद्देश्यों को प्राप्त करने और विशेष रूप से पीजीआईपी पाठ्यक्रम की शैक्षणिक गुणवत्ता में सुधार लाने के लिए कार्यान्वयन रणनीति को तत्काल लागू किया जाना चाहिए।

प्रस्तावित सहयोग से सैद्धांतिक जानकारी और व्यावहारिक उद्योग अनुभव के एकीकरण को मजबूत करने की उम्मीद है, जिससे पीजीआईपी प्रतिभागी दिवाला समाधान, कॉरपोरेट पुनर्गठन और वित्तीय संकट प्रबंधन की जटिलताओं का अधिक प्रभावी ढंग से सामना करने के लिए तैयार होंगे। समझौता ज्ञापन तीन प्रमुख स्तंभों पर आधारित एक सहयोगात्मक फ्रेमवर्क स्थापित करता है:

1. उद्योग-उन्मुख पाठ्यक्रम और क्षमता निर्माण: एआरसी के उद्योग विशेषज्ञ शिक्षण में योगदान देंगे, संकाय सहायता प्रदान करेंगे जिससे पीजीआईपी पाठ्यक्रम मॉड्यूल को अधिक उद्योग-उन्मुख बनाया जा सके और उभरती व्यावसायिक जरूरतों के प्रति अधिक उत्तरदायी बनाया जा सके।

2. अनुसंधान, डेटा साझाकरण और ज्ञान सृजन: यह सहयोग कर्ज के पुनर्गठन, वित्तीय बाजार, संकटग्रस्त परिसंपत्तियों और दिवालियापन समाधान जैसे क्षेत्रों में संयुक्त अनुसंधान परियोजनाओं को प्रोत्साहन देगा। लागू कानूनी, नियामक, गोपनीयता और पहुंच संबंधी आवश्यकताओं के अधीन डेटा साझाकरण, साक्ष्य-आधारित अनुसंधान और बाजार के रुझानों और विकास पर अनुसंधान संसाधनों के विकास में सहयोग प्रदान करेगा।

3. संयुक्त कार्यक्रम और उद्योग के साथ सहभागिता: दोनों संस्थान पीजीआईपी प्रतिभागियों के लिए इंटर्नशिप, नौकरी दिलवाने से जुड़े अवसरों और उद्योग के साथ अधिक सहभागिता की संभावनाओं की खोज करेंगे। एक वार्षिक संयुक्त सम्मेलन उभरती चुनौतियों पर चर्चा करने, पेशेवर अंतर्दृष्टि साझा करने और शोध निष्कर्षों को प्रसारित करने के लिए एक मंच प्रदान करेगा।

पांच वर्ष की अवधि के लिए हस्ताक्षरित समझौता ज्ञापन, आईआईसीए और एआरसी संघ के बीच सतत सहयोग के लिए एक संरचित फ्रेमवर्क प्रदान करता है। ये संस्थान परिभाषित कार्यान्वयन रणनीतियों, सहयोगात्मक अनुसंधान, विशेषज्ञ-नेतृत्व वाले शिक्षण और प्रगति की नियमित समीक्षा के माध्यम से समझौते को ठोस परिणामों में बदलने की दिशा में काम करेंगे।

चर्चाओं में आईबीसी@10 और एसएआरएफएईएसआई@25 की उपलब्धियों के संदर्भ में फरवरी 2027 में एक संयुक्त सम्मेलन आयोजित करने की संभावना पर भी विचार किया गया, जिसका विषय और कार्यक्रम समझौता ज्ञापन में उल्लिखित गतिविधियों के व्यापक दायरे के भीतर संयुक्त रूप से तय किया जाएगा।

पीके/केसी/आरटी/एमएम

इसी विषय से और: कॉरपोरेट कार्य मंत्रालय

View all इसी विषय से और: कॉरपोरेट कार्य मंत्रालय
  1. कॉरपोरेट कार्य मंत्रालय

    कोयला एवं खान राज्य मंत्री ने कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व पर तीसरे राष्ट्रीय सम्मेलन एवं प्रदर्शनी (एनसीसीएसआर 2026) का उद्घाटन किया

    कोयला एवं खान राज्य मंत्री श्री सतीश चंद्र दुबे ने नई दिल्ली में कॉर्पोरेट कार्य मंत्रालय के अंतर्गत भारतीय कॉर्पोरेट कार्य संस्थान (आईआईसीए) द्वारा आयोजित कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व पर तीसरे राष्ट्रीय सम्मेलन…

    पूरा पढ़ें →
  2. कॉरपोरेट कार्य मंत्रालय

    विकसित भारत के लिए सुदृढ़ शासन, बेहतर समन्वय और परिणामोन्मुखी सीएसआर पर जोर के साथ कॉरपोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व पर तीसरा राष्ट्रीय सम्मेलन एवं प्रदर्शनी संपन्न

    भारतीय कॉरपोरेट कार्य संस्थान (आईआईसीए), कॉरपोरेट कार्य मंत्रालय, भारत सरकार के अंतर्गत आने वाले संस्थान ने नई दिल्ली स्थित होटल द अशोक में कॉरपोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व पर तीसरे राष्ट्रीय सम्मेलन एवं प्रदर्शनी…

    पूरा पढ़ें →
  3. कॉरपोरेट कार्य मंत्रालय

    आईआईसीए ने गांधी जयंती के अवसर पर तीसरा आईआईसीए सीएसआर दिवस मनाया, इस अवसर पर महानिदेशक एवं सीईओ ने एनसीसीएसआर 2026 से पहले आईआईसीए प्रमाणित सीएसआर पेशेवर कार्यक्रम के प्रतिभागियों को विशेष संबोधन दिया

    कॉर्पोरेट कार्य मंत्रालय, भारत सरकार के अधीन इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ़ कॉर्पोरेट अफेयर्स (आईआईसीए) ने हाल ही में महात्मा गांधी की जयंती के अवसर पर सीएसआर दिवस मनाया। आईआईसीए के महानिदेशक एवं सीईओ…

    पूरा पढ़ें →
  4. कॉरपोरेट कार्य मंत्रालय

    दिवाला और शोधन अक्षमता संहिता ने क्रेडिट अनुशासन को मजबूत किया है, वसूली के माहौल को बेहतर बनाया है और देश में व्यापार करने में आसानी में योगदान दिया है: हर्ष मल्होत्रा, राज्य मंत्री, कॉर्पोरेट कार्य मंत्रालय

    कॉर्पोरेट कार्य और सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय के राज्य मंत्री श्री हर्ष मल्होत्रा ​​ने आज नई दिल्ली के भारत मंडपम में भारतीय दिवाला और शोधन अक्षमता बोर्ड (आईबीबीआई) के 10वें स्थापना…

    पूरा पढ़ें →
  5. कॉरपोरेट कार्य मंत्रालय

    कॉर्पोरेट कार्य मंत्रालय ने एडवाइजरी जारी करते हुए नियमों का पालन न करने वाली निधि कंपनियों के अधिक रिटर्न के वादों से जनता को सावधान किया

    एमसीए ने आम जनता के लिए 'निधि कंपनियों' और उनके कामकाज को लेकर एक एडवाइजरी जारी की है, जिसमें बिना किसी उचित पृष्ठभूमि की जांच के निवेश के फैसले लेने से बचने…

    पूरा पढ़ें →
  6. कॉरपोरेट कार्य मंत्रालय

    आईआईसीए ने ‘आईबीसी: संशोधनों के ज़रिए विकसित होता कानून’ विषय पर एक महत्वपूर्ण सत्र आयोजित किया

    "दिग्गज से मिलिए” (मीट द लीजेंड) कार्यक्रम के तहत, भारतीय कॉरपोरेट कार्य संस्थान (आईआईसीए), मानेसर ने "आईबीसी: संशोधनों के ज़रिए विकसित होता कानून" विषय पर एक ज्ञानवर्धक सत्र आयोजित किया। इस सत्र…

    पूरा पढ़ें →

और करेंट अफेयर्स

View all और करेंट अफेयर्स
  1. राष्ट्रपति सचिवालय

    भारत की राष्ट्रपति ने श्री के. आर. नारायणन की जयंती पर पुष्पांजलि अर्पित की

    भारत की राष्ट्रपति, श्रीमती द्रौपदी मुर्मु ने आज 27 अक्तूबर, 2026 को राष्ट्रपति भवन में भारत के पूर्व राष्ट्रपति श्री के. आर. नारायणन की जयंती पर उन्हें पुष्पांजलि अर्पित की।

    पूरा पढ़ें →
  2. कार्मिक

    केंद्रीय सतर्कता आयोग ने सतर्कता जागरूकता सप्ताह 2026 मनाया

    सतर्कता जागरूकता सप्ताह 2026 का शुभारंभ आज सुबह 11 बजे नई दिल्ली के सतर्कता भवन में हुआ। इस अवसर पर केंद्रीय सतर्कता आयुक्त श्री ए. एस. राजीव और सतर्कता आयुक्त श्री प्रवीण…

    पूरा पढ़ें →
  3. PIB Backgrounder

    कार्बन कैप्चर, उपयोग और भंडारण

    कार्बन कैप्चर, उपयोग और भंडारण (CCUS) उत्सर्जन कम करने में कठिन क्षेत्रों से उत्सर्जन घटाने का एक महत्वपूर्ण माध्यम है। कार्बन डाइऑक्साइड को अब केवल एक उत्सर्जन के रूप में ही नहीं,…

    पूरा पढ़ें →
  4. जल शक्ति मंत्रालय

    केंद्रीय मंत्री श्री सी. आर. पाटिल ने जल संसाधन, नदी विकास और गंगा संरक्षण विभाग की प्रमुख पहलों, परियोजनाओं और कार्यक्रमों की समीक्षा की

    केंद्रीय जल शक्ति मंत्री श्री सी. आर. पाटिल ने जल शक्ति राज्य मंत्री श्री राज भूषण चौधरी की उपस्थिति में जल संसाधन, नदी विकास और गंगा संरक्षण विभाग के विभागाध्यक्षों के साथ…

    पूरा पढ़ें →
  5. PIB Backgrounder

    अटल वयो अभ्युदय योजना

    भारत में वृद्धजनों की संख्या में लगातार वृद्धि हो रही है। इसे देखते हुए उनका स्वस्थ, सुरक्षित और गरिमापूर्ण जीवन सुनिश्चित करना सार्वजनिक नीति की एक महत्वपूर्ण प्राथमिकता बन गया है। ‘अटल…

    पूरा पढ़ें →
  6. प्रधानमंत्री कार्यालय

    प्रधानमंत्री ने संशय से उबरने और अनिश्चितता को अंगीकार करने पर बल देने वाला संस्कृत सुभाषितम् साझा किया

    प्रधानमंत्री श्री नरेन्‍द्र मोदी ने आज संस्कृत सुभाषितम् साझा किया जिसमें संशय से उबरने और अनिश्चितता को अंगीकार करने के महत्व पर बल दिया गया है: न संशयमनारुह्य नरो भद्राणि पश्यति। संशयं…

    पूरा पढ़ें →
  7. वाणिज्‍य एवं उद्योग मंत्रालय

    केन्द्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री श्री पीयूष गोयल ने द्विपक्षीय व्यापार और निवेश संबंधों को मजबूत करने के लिए नीदरलैंड में उच्चस्तरीय बैठकें कीं

    केन्द्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री श्री पीयूष गोयल ने 26 अक्टूबर, 2026 को नीदरलैंड की अपनी यात्रा जारी रखते हुए डच सरकार के नेताओं, सांसदों और प्रमुख डच कंपनियों के प्रतिनिधियों के…

    पूरा पढ़ें →
  8. लोकसभा सचिवालय

    लोक सभा अध्यक्ष ने ब्रिक्स संसदों से मानवीय निगरानी को सर्वोपरि रखते हुए नैतिक, उत्तरदायी और पारदर्शी तकनीक को बढ़ावा देने का आह्वान किया

    नई दिल्ली, 26 अक्टूबर 2026: लोक सभा अध्यक्ष श्री ओम बिरला ने आज ब्रिक्स संसदों से मानवीय निगरानी को सर्वोपरि रखते हुए नैतिक, उत्तरदायी और पारदर्शी तकनीक को बढ़ावा देने का आग्रह…

    पूरा पढ़ें →
  9. प्रधानमंत्री कार्यालय

    तेलंगाना के राज्यपाल श्री शिव प्रताप शुक्ल ने प्रधानमंत्री से भेंट की

    तेलंगाना के राज्यपाल श्री शिव प्रताप शुक्ल ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी से भेंट की। प्रधानमंत्री कार्यालय ने एक्स पर पोस्ट किया: "तेलंगाना के राज्यपाल श्री शिव प्रताप शुक्ल ने प्रधानमंत्री @narendramodi…

    पूरा पढ़ें →
  10. प्रधानमंत्री कार्यालय

    प्रधानमंत्री ने नई दिल्ली में 12वें ब्रिक्स संसदीय मंच के दौरान ब्रिक्स देशों के सांसदों से संवाद किया

    प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने आज नई दिल्ली में आयोजित हो रहे 12वें ब्रिक्स संसदीय मंच 2026 के दौरान ब्रिक्स देशों के सांसदों के साथ सार्थक संवाद किया। इस संवाद के दौरान…

    पूरा पढ़ें →
↑