विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी तथा पृथ्वी विज्ञान राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) और प्रधानमंत्री कार्यालय, कार्मिक, लोक शिकायत, पेंशन, परमाणु ऊर्जा और अंतरिक्ष राज्यमंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने आज कहा कि भारत और फ्रांस के बीच अंतरिक्ष संबंधी सहयोग 1960 के दशक के साउंडिंग रॉकेट से जुड़े शुरुआती प्रयोगों से आगे बढ़कर अब एक व्यापक एवं बढ़ती हुई साझेदारी में बदल गया है, जिसमें संयुक्त उपग्रह मिशन, प्रक्षेपण यान प्रौद्योगिकी, मानव अंतरिक्ष उड़ान और अंतरिक्ष से जुड़े नए अनुप्रयोग शामिल हैं।
उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच लंबे समय से चले आ रहे संबंधों से अब सरकारों, अनुसंधान संस्थानों, उद्योग जगत और स्टार्ट-अप को एक साथ लाकर एक बड़ा इकोसिस्टम बनाने का अवसर मिला है, जिसमें तेजी से बढ़ रहे अंतरिक्ष क्षेत्र में घनिष्ठ सहयोग भी शामिल है।
फ्रांस के उच्च शिक्षा, अनुसंधान एवं अंतरिक्ष मंत्री प्रोफेसर फिलिप बैप्टिस्ट के नेतृत्व में फ्रांस के एक उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल ने आज नई दिल्ली में डॉ. जितेंद्र सिंह से मुलाकात की। इस बैठक में अंतरिक्ष शिखर सम्मेलन (स्पेस समिट), भारत-फ्रांस नवाचार वर्ष 2026 और अंतरिक्ष, सीईएफआईपीआरए एवं नीली अर्थव्यवस्था सहित विभिन्न वैज्ञानिक व तकनीकी सहयोग की प्राथमिकताओं पर चर्चा हुई। डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि इस प्रतिनिधिमंडल का स्वरूप ही विज्ञान के विभिन्न क्षेत्रों में भारत-फ्रांस सहयोग के व्यापक दायरे को दर्शाता है।
डॉ. जितेंद्र सिंह के साथ विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग के सचिव प्रो. उमेश वी. वाघमारे; पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय के सचिव डॉ. टी. श्रीनिवास कुमार; जैव प्रौद्योगिकी विभाग के सचिव डॉ. राजेश एस. गोखले; सीएसआईआर की महानिदेशक डॉ. (श्रीमती) एन. कलाईसेल्वी; डीएसटी के अंतरराष्ट्रीय सहयोग विभाग के प्रमुख डॉ. प्रवीणकुमार सोमसुंदरम; अंतरिक्ष विभाग के प्रतिनिधि; विदेश मंत्रालय के प्रतिनिधि; सीईएफआईपीआरए के निदेशक; और फ्रांस के लिए नोडल अधिकारी, वैज्ञानिक-ई, आईसीडी, डीएसटी) मौजूद थे।
फ्रांसीसी प्रतिनिधिमंडल में प्रोफ़ेसर फिलिप बैप्टिस्ट; चीफ ऑफ स्टाफ लू ले नबास्क; डिप्लोमैटिक एडवाइजर एलेक्सिया लाकाज; पर्सनल सिक्योरिटी ऑफिसर जेरेमी रोलर; इंडिया डेस्क ऑफिसर बेनोइट टैलेउ; ईएसएसईसी के डायरेक्टर जनरल विन्सेन्जो विन्जी; भारत में फ्रांस के राजदूत थिएरी माथू; सहयोग एवं सांस्कृतिक गतिविधियों के काउंसलर ग्रेगोर ट्रुमेल; डिप्टी काउंसलर निकोलस गैस्कोइन; वैज्ञानिक सहयोग के अटैची सिल्वियान पीड; रणनीतिक मामलों की सलाहकार राफेले सनानेस; और अंतरिक्ष मामलों की काउंसलर तमारा टेजेले शामिल थे।
